
मुख्यमंत्री की प्राथमिकताओं के अनुरूप जनपद को पूर्णतः नशा मुक्त बनाने की दिशा में जिला कार्यालय सभागार में जिलाधिकारी श्री मनीष कुमार की अध्यक्षता में जिला स्तरीय एनकोर्ड (NCORD) समिति की बैठक आयोजित की गई।
बैठक में जनपद में मादक पदार्थों की तस्करी, अवैध व्यापार एवं इनके सेवन पर प्रभावी नियंत्रण के लिए किए जा रहे कार्यों की विस्तृत समीक्षा की गई।
जिलाधिकारी ने कहा कि जनपद को नशे के दुष्चक्र से बाहर निकालने के लिए पुलिस, आबकारी, स्वास्थ्य, शिक्षा तथा समाज कल्याण विभागों को समन्वय के साथ एक मिशन मोड में कार्य करना होगा। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि नशे के विरुद्ध कार्रवाई केवल कागजी औपचारिकताओं तक सीमित न रहे, बल्कि धरातल पर ठोस कार्रवाई के साथ-साथ व्यापक जन-जागरूकता अभियान भी चलाए जाएं।
बैठक में पुलिस विभाग द्वारा अवगत कराया गया कि 16 फरवरी से 12 मार्च 2026 के मध्य नशा तस्करों के विरुद्ध 12 अभियोग पंजीकृत करते हुए 13 अभियुक्तों को गिरफ्तार कर जेल भेजा गया। इस दौरान लगभग 45.51 ग्राम स्मैक, 118 नशीले इंजेक्शन, 768 नशीले कैप्सूल तथा 3.718 किलोग्राम चरस बरामद की गई।
ड्रग निरीक्षक द्वारा जानकारी दी गई कि फरवरी माह में संयुक्त निरीक्षण अभियान के अंतर्गत 29 मेडिकल स्टोरों की जांच की गई। जांच के दौरान सीसीटीवी संचालित न पाए जाने पर दो मेडिकल स्टोरों के क्रय-विक्रय पर 20 दिनों के लिए प्रतिबंध लगाया गया है।
बैठक में भांग की अवैध खेती के विरुद्ध कार्रवाई पर पुलिस अधीक्षक श्रीमती रेखा यादव ने निर्देश दिए कि यदि किसी क्षेत्र में विनिष्टीकरण के बाद पुनः भांग की खेती पाई जाती है तो संबंधित व्यक्ति के विरुद्ध कड़ी कानूनी कार्रवाई करते हुए मुकदमा दर्ज किया जाए।
युवा पीढ़ी को नशे की गिरफ्त से बचाने के लिए जिलाधिकारी ने स्कूलों एवं महाविद्यालयों में जागरूकता कार्यक्रम और संवाद आयोजित करने के निर्देश दिए। साथ ही हाईवे, बस स्टैंड, टैक्सी स्टैंड एवं अन्य संवेदनशील स्थानों पर सतर्क निगरानी रखने को कहा।
बैठक में बताया गया कि नशे से संबंधित किसी भी प्रकार की सूचना या शिकायत दर्ज कराने के लिए टोल-फ्री नंबर 1933 तथा ‘मानस पोर्टल’ का उपयोग किया जा सकता है, जहां शिकायतकर्ता की पहचान पूरी तरह गोपनीय रखी जाती है।
जिलाधिकारी ने स्वास्थ्य एवं समाज कल्याण विभाग को नशा मुक्ति केंद्रों की सक्रियता बढ़ाने के निर्देश देते हुए कहा कि “नशा मुक्त उत्तराखंड” का लक्ष्य तभी साकार होगा जब समाज के प्रत्येक नागरिक की इसमें सक्रिय भागीदारी होगी।
बैठक में मुख्य विकास अधिकारी डॉ. जी.एस. खाती, अपर जिलाधिकारी श्री कृष्णनाथ गोस्वामी, मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. देवेश चौहान सहित संबंधित विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।

