बॉक्सिंग रिंग में दम दिखाएंगे युवा खिलाड़ी, डीएम आशीष भटगांई ने बढ़ाया हौसला.
अंतर महाविद्यालयीय बॉक्सिंग प्रतियोगिता का शुभारंभ, डीएम ने युवाओं से नशे से दूर रहकर खेलों को जीवन का हिस्सा बनाने की अपील कीपिथौरागढ़। सीमांत जनपद पिथौरागढ़ के सुरेंद्र सिंह वल्दिया स्पोर्ट्स स्टेडियम में आयोजित अंतर महाविद्यालयीय बॉक्सिंग प्रतियोगिता का शुभारंभ जिलाधिकारी आशीष भटगांई ने किया। प्रतियोगिता के आगाज के साथ ही बॉक्सिंग रिंग में युवा खिलाड़ियों के दमखम, कौशल और खेल भावना का प्रदर्शन देखने को मिलेगा। इस अवसर पर जिलाधिकारी ने खिलाड़ियों का उत्साहवर्धन करते हुए उन्हें पूरे जोश, अनुशासन और आत्मविश्वास के साथ प्रतियोगिता में प्रतिभाग करने के लिए प्रेरित किया।खेलों से निखरता है व्यक्तित्व, बढ़ता है आत्मविश्वासप्रतियोगिता के शुभारंभ अवसर पर जिलाधिकारी आशीष भटगांई ने कहा कि खेल विद्यार्थियों के शारीरिक और मानसिक विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। खेलों के माध्यम से युवाओं में अनुशासन, धैर्य, आत्मविश्वास और संघर्ष करने की क्षमता विकसित होती है। खेल केवल शारीरिक दक्षता बढ़ाने का माध्यम नहीं हैं, बल्कि जीवन में आने वाली चुनौतियों का मजबूती से सामना करने और हार-जीत को समान भाव से स्वीकार करने की सीख भी देते हैं।उन्होंने खिलाड़ियों को खेल भावना के साथ मुकाबले में उतरने और अपने उत्कृष्ट प्रदर्शन से जनपद का नाम रोशन करने के लिए प्रोत्साहित किया।नशे से दूर रहें युवा, खेलों से बनाएं अपनी पहचानजिलाधिकारी ने युवाओं से नशे जैसी बुराइयों से दूर रहने तथा अपनी ऊर्जा को शिक्षा, खेलकूद और सकारात्मक गतिविधियों में लगाने की अपील की। उन्होंने कहा कि युवा देश का भविष्य हैं और उनकी ऊर्जा का सही दिशा में उपयोग समाज एवं राष्ट्र के विकास में महत्वपूर्ण योगदान दे सकता है।उन्होंने युवाओं को स्वस्थ जीवनशैली अपनाने, नियमित रूप से खेल गतिविधियों में भाग लेने और अपने लक्ष्य के प्रति समर्पित रहने का संदेश दिया। उन्होंने कहा कि खेलों के माध्यम से युवा अपनी प्रतिभा को निखारने के साथ ही अपने जनपद और प्रदेश का नाम भी रोशन कर सकते हैं।प्रतिभाओं को आगे बढ़ने का मिलता है अवसरजिलाधिकारी ने कहा कि अंतर महाविद्यालयीय खेल प्रतियोगिताएं युवा खिलाड़ियों को अपनी प्रतिभा प्रदर्शित करने और अपनी क्षमताओं को पहचानने का बेहतर मंच प्रदान करती हैं। ऐसी प्रतियोगिताओं से खिलाड़ियों में प्रतिस्पर्धा की भावना विकसित होती है और उन्हें भविष्य में बेहतर प्रदर्शन करने की प्रेरणा मिलती है।उन्होंने खिलाड़ियों से पूरी तैयारी, अनुशासन और खेल भावना के साथ मुकाबला करने का आह्वान किया। प्रतियोगिता के शुभारंभ से प्रतिभागी खिलाड़ियों में उत्साह का संचार हुआ। अब खिलाड़ियों को अपनी मेहनत, तकनीक और खेल कौशल के दम पर बेहतर प्रदर्शन करने का अवसर मिलेगा।जिलाधिकारी का संदेश साफ है—युवा खेलों को अपनाएं, नशे से दूर रहें और अपनी प्रतिभा के दम पर सफलता की नई ऊंचाइयां हासिल करें।
kamal bhandari editor in chief .

