अपर आयुक्त खाद्य संरक्षा एवं औषधि प्रशासन तथा जिलाधिकारी श्री मनीष कुमार द्वारा जनपद में जन-स्वास्थ्य एवं दवाओं की गुणवत्ता सुनिश्चित करने हेतु दिए गए कड़े निर्देशों के क्रम में बुधवार को औषधि प्रशासन विभाग द्वारा बड़ी कार्यवाही अमल में लाई गई। जनपद चम्पावत के औषधि निरीक्षक हर्षिता द्वारा पुलिस लाइन स्थित विभिन्न मेडिकल प्रतिष्ठानों का औचक निरीक्षण किया गया। इस विशेष अभियान के दौरान मेडिकल स्टोरों में भंडारित औषधियों के उचित रखरखाव, जीवन रक्षक दवाओं की उपलब्धता और दवाओं से संबंधित क्रय-विक्रय बिलों के रिकॉर्ड की गहनता से जाँच की गई।
निरीक्षण की कार्यवाही के दौरान एक मेडिकल स्टोर पर औषधियों के क्रय बिल मौके पर सत्यापित न होने के कारण स्थिति को गंभीरता से लेते हुए औषधि निरीक्षक ने संबंधित फर्म स्वामी को कारण बताओ नोटिस जारी किया है। साथ ही फर्म स्वामी को कड़े निर्देश दिए गए हैं कि वह आगामी 03 दिवस के भीतर समस्त आवश्यक दस्तावेजों को कार्यालय खाद्य संरक्षा एवं औषधि प्रशासन चम्पावत में प्रस्तुत कर उनका सत्यापन सुनिश्चित करें। अभियान के दौरान सभी प्रतिष्ठान स्वामियों को औषधियों को निर्धारित एवं उचित तापमान पर भंडारित करने तथा परिसर में स्वच्छता मानकों का पूर्ण अनुपालन करने के सख्त निर्देश दिए गए।
औषधि निरीक्षक ने फर्म स्वामियों को सचेत करते हुए कहा कि किसी भी औषधि की गुणवत्ता पर संदेह होने या संदिग्ध आपूर्ति की स्थिति में तत्काल औषधि नियंत्रण विभाग को सूचित करें। उन्होंने स्पष्ट किया कि आमजन के स्वास्थ्य के साथ किसी भी प्रकार का खिलवाड़ बर्दाश्त नहीं किया जाएगा और नियम विरुद्ध कार्य करने वाले मेडिकल स्टोरों के विरुद्ध औषधि एवं प्रसाधन सामग्री अधिनियम के तहत कठोर दंडात्मक कार्यवाही की जाएगी। प्रशासन द्वारा यह भी अवगत कराया गया कि जनपद के अन्य क्षेत्रों में भी इस प्रकार के औचक निरीक्षण और औधषि जांच की कार्यवाही निरंतर जारी रहेगी।
जनपद के मेडिकल स्टोरों का औचक निरीक्षण; औषधि निरीक्षक ने पुलिस लाइन क्षेत्र में जाँची दवाओं की गुणवत्ता

