चम्पावत,
*स्थानीय पशुपालकों को मिल रहा मजबूत बाजार, आईटीबीपी की 36वीं वाहिनी को 528 किलो जीवित बकरियों की आपूर्ति*
*आईटीबीपी एवं पशुपालन विभाग के एमओयू से पशुपालकों की आय बढ़ाने की पहल, स्थानीय उत्पादों को मिल रहा प्रोत्साहन*माननीय मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी के स्थानीय उत्पादों को बढ़ावा देने तथा पशुपालकों की आय में वृद्धि के विजन के अनुरूप जनपद चम्पावत में स्थानीय पशुपालकों को संस्थागत बाजार से जोड़ने की दिशा में लगातार प्रयास किए जा रहे हैं। इसी क्रम में बुधवार को आईटीबीपी एवं पशुपालन विभाग के मध्य हुए एमओयू के अंतर्गत स्थानीय पशुपालकों द्वारा आईटीबीपी की 36वीं वाहिनी, लोहाघाट को कुल 528 किलोग्राम जीवित बकरियों की आपूर्ति की गई।जिलाधिकारी श्री मनीष कुमार ने कहा कि स्थानीय पशुपालकों को उनके उत्पादों के लिए बेहतर एवं नियमित बाजार उपलब्ध कराना उनकी आय बढ़ाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है। आईटीबीपी जैसी संस्थाओं की आवश्यकताओं को स्थानीय स्तर से पूरा किए जाने से जहां पशुपालकों को सीधा बाजार मिल रहा है, वहीं स्थानीय अर्थव्यवस्था को भी मजबूती मिल रही है। उन्होंने संबंधित विभागों को इस व्यवस्था को प्रभावी ढंग से आगे बढ़ाने के निर्देश दिए हैं।मुख्य पशु चिकित्सा अधिकारी डॉ. वसुंधरा गर्ब्याल ने बताया कि एमओयू के अंतर्गत पशुपालकों द्वारा आईटीबीपी की 36वीं वाहिनी लोहाघाट को 528 किलोग्राम जीवित बकरियों की आपूर्ति की गई। आपूर्ति के दौरान गुणवत्ता एवं आवश्यक मानकों की जांच भी सुनिश्चित की गई।इस पहल से जनपद के पशुपालकों को स्थानीय स्तर पर ही अपने पशुधन के विपणन का बेहतर अवसर मिलने के साथ उनकी आय में वृद्धि की संभावनाएं मजबूत होंगी तथा पशुपालन को स्वरोजगार के रूप में अपनाने वाले अन्य लोगों को भी प्रोत्साहन मिलेगा।इस दौरान आपूर्ति की गुणवत्ता की जांच के लिए पशुपालन विभाग से डॉ. दीपक तथा आईटीबीपी की ओर से असिस्टेंट कमांडेंट डॉ. धर्मेंद्र सिंह उपस्थित रहे।
kamal bhandari editor in chief ।

